ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति बोलसोनारो हाउस अरेस्ट में! ट्रंप ने किया बचाव, तख्तापलट साजिश का आरोप

ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति बोलसोनारो हाउस अरेस्ट में! ट्रंप ने किया बचाव, मामला क्या है?

अरे भाई, ब्राजील में तो तूफ़ान आया हुआ है! पूर्व राष्ट्रपति जेयर बोलसोनारो को सुप्रीम कोर्ट ने हाउस अरेस्ट में डाल दिया है। और ये कोई छोटी-मोटी बात नहीं है। सच कहूं तो, ये फैसला ब्राजील की राजनीति में भूकंप ला सकता है। क्यों? क्योंकि उन पर सीधे-सीधे 2022 के चुनाव में हार के बाद तख्तापलट की साजिश रचने का आरोप लगा है। और देखो ना, मामला और मसालेदार हो गया जब अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसे “राजनीतिक दमन” बताकर बोलसोनारो का समर्थन किया। अब ये सिर्फ ब्राजील का मामला नहीं रहा, पूरी दुनिया की नज़रें इस पर टिकी हैं।

क्या हुआ था असल में? चुनाव, हार और फिर…

यार, सारा मामला 2022 के चुनाव से शुरू होता है। जब बोलसोनारो लूला डा सिल्वा से हार गए, तो उन्होंने हार मानने से साफ़ इनकार कर दिया। ठीक वैसे ही जैसे… हमारे यहां कभी-कभी क्रिकेट मैच में umpire के फैसले पर बवाल होता है। लेकिन यहां तो मामला गंभीर हो गया। जनवरी 2023 में उनके समर्थकों ने ब्रासीलिया में सरकारी भवनों पर धावा बोल दिया। मीडिया ने इसे “ब्राजील का 6 जनवरी” नाम दे दिया – अमेरिका में कैपिटल हिल पर हुए हमले की याद दिलाता हुआ।

अब जांच में पता चला कि बोलसोनारो के करीबी लोग सेना के कुछ अधिकारियों के साथ मिलकर सत्ता पलटने की प्लानिंग कर रहे थे। और यहां मजा आ गया – ये मामला अमेरिकी राजनीति से भी जुड़ गया। क्योंकि बोलसोनारो ने तो ट्रंप की 50% टैरिफ policy का पूरा समर्थन किया था। दोनों नेताओं की दोस्ती जगज़ाहिर थी।

अब क्या चल रहा है? गिरफ्तारियां और राजनीतिक तूफ़ान

फिलहाल बोलसोनारो ब्रासीलिया में नजरबंद हैं। उनके खिलाफ आरोप पत्र दाखिल हो चुका है। और सिर्फ वो ही नहीं, उनके कई सहयोगियों को भी गिरफ्तार किया गया है – जिनमें सेना के बड़े अधिकारी भी शामिल हैं। इस बीच, डोनाल्ड ट्रंप ने तो जैसे social media पर आग लगा दी। उन्होंने इसे “एक निर्दोष नेता के खिलाफ साजिश” बताया। Passionate पोस्ट लिखी है उन्होंने!

वहीं दूसरी तरफ, ब्राजील की मौजूदा सरकार कह रही है कि ये लोकतंत्र को बचाने के लिए ज़रूरी कदम है। राष्ट्रपति लूला के प्रवक्ता का कहना है – “कानून सबके लिए एक समान होता है, चाहे वो कोई भी हो।” सुनने में तो बिल्कुल सही लगता है, है ना?

लोग क्या कह रहे हैं? देश बंटा हुआ

यार, इस मामले ने तो ब्राजील को दो हिस्सों में बांट दिया है। बोलसोनारो के fans इसे “राजनीतिक बदला” बता रहे हैं। वहीं दूसरी तरफ विपक्ष इसे “न्याय की जीत” कह रहा है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी मतभेद हैं। अमेरिकी रिपब्लिकन नेता बोलसोनारो के साथ खड़े हैं, जबकि यूरोपीय संघ ने ब्राजील की न्यायिक प्रक्रिया को सही ठहराया है।

Experts क्या कहते हैं? कुछ का मानना है कि ये ब्राजील के लोकतंत्र की असली परीक्षा है। कुछ experts इसे दक्षिण अमेरिका में अस्थिरता का संकेत मान रहे हैं, तो कुछ कह रहे हैं कि ये तो दिखाता है कि लोकतांत्रिक संस्थाएं मजबूत हैं। सच तो ये है कि अभी सबकी नज़रें ब्राजील के न्यायतंत्र पर टिकी हैं।

आगे क्या होगा? संभावनाएं और चुनौतियां

अगले कुछ महीनों में बोलसोनारो का मुकदमा शुरू होने वाला है। और हां, अगर वो दोषी पाए गए तो जेल भी जा सकते हैं। ये मामला ब्राजील-अमेरिका रिश्तों को भी प्रभावित करेगा – खासकर अगर ट्रंप 2024 में फिर से जीत जाते हैं।

ब्राजील के अंदर तो स्थिति और भी जटिल है। समाज पहले से ही बंटा हुआ था, अब और भी ध्रुवीकरण हो गया है। कुछ analysts कह रहे हैं कि ये घटना आने वाले सालों में ब्राजील की राजनीति को नए सिरे से परिभाषित करेगी। सरकार कह रही है कि वो लोकतंत्र बचा रही है, विपक्ष कह रहा है कि ये दमन है। सच क्या है? वक्त ही बताएगा। लेकिन एक बात तो तय है – ब्राजील का हर नागरिक और पूरी दुनिया इस मामले पर नज़रें गड़ाए बैठी है।

यह भी पढ़ें:

अब बात करते हैं ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति बोलसोनारो की – जिनका हाउस अरेस्ट होना और तख्तापलट की साजिश के आरोपों ने तो पूरी दुनिया का ध्यान खींच लिया है। सच कहूं तो, ये केस और भी दिलचस्प हो जाता है जब ट्रंप जैसे बड़े नेता इनका समर्थन करने लगते हैं। है ना मजेदार बात?

असल में, ये सिर्फ ब्राजील की राजनीति का मामला नहीं रहा। देखा जाए तो इसका असर अंतरराष्ट्रीय संबंधों पर भी पड़ने वाला है। और हां, अभी तो ये सिर्फ शुरुआत है। आगे क्या होगा, ये तो वक्त ही बताएगा। लेकिन एक बात तय है – सबकी नजरें इस पर टिकी हुई हैं।

पूरी कहानी जानने के लिए हमारे साथ बने रहिए… क्योंकि ये सिर्फ एक खबर नहीं, बल्कि एक राजनीतिक थ्रिलर है जो अभी अपने पहले एक्ट में ही है!

Source: Aaj Tak – Home | Secondary News Source: Pulsivic.com

More From Author

बंगाल की खाड़ी में भीषण बवंडर, UP-बिहार में तबाही, दिल्ली में मूसलाधार बारिश की चेतावनी!

अमेरिका ने जुलाई में भारत पर 2.50 लाख करोड़ का टैरिफ लगाया! ट्रंप का अगला प्लान क्या है?

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent Comments