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DRI ने पकड़े 92.1 लाख विदेशी सिगरेट, 18.2 करोड़ रुपये कीमत का बड़ा खुलासा!

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DRI का बड़ा एक्शन: 92.1 लाख विदेशी सिगरेट पकड़ी, 18.2 करोड़ का चूना लगा दिया!

ये क्या हुआ?

दोस्तों, DRI (Directorate of Revenue Intelligence) ने एक बड़ी छापेमारी में 92.1 लाख विदेशी सिगरेट्स का पूरा कारवाँ ही पकड़ लिया! देखा जाए तो ये सिगरेट्स 18.2 करोड़ रुपये की थीं। असल में, ये सिर्फ तस्करी का मामला नहीं है, बल्कि देश की सुरक्षा और अर्थव्यवस्था के लिए बड़ी जीत है। आज हम आपको बताएंगे कि ये पूरा ऑपरेशन कैसे हुआ और क्यों ये विदेशी सिगरेट हमारे लिए इतनी खतरनाक हैं।

क्या-क्या हुआ? पूरी कहानी

1. कितना माल पकड़ा?

DRI ने 92.1 लाख सिगरेट्स जब्त कीं – यानी लगभग 18.2 करोड़ का सामान! ये सारा माल मिडिल ईस्ट और साउथ ईस्ट एशिया से आया था, जहाँ से तस्कर इसे चुपके से भारत लाने की कोशिश कर रहे थे।

2. कैसे पकड़ा गया?

तस्करों ने समंदर के रास्ते ये सिगरेट लाने की कोशिश की थी। लेकिन DRI के ऑफिसर्स ने मुंबई और कोच्चि पोर्ट पर अपनी आँखें खोल रखी थीं। वो भी क्या दिन था जब तस्करों ने सिगरेट को दूसरे सामानों में छुपाया, पर हमारे ऑफिसर्स ने उनकी चाल समझ ली!

3. कौन पकड़ा गया?

अभी तक 6 लोग गिरफ्तार किए गए हैं। हैरानी की बात ये है कि इनमें से कुछ तो पहले भी ऐसे ही मामलों में पकड़े जा चुके हैं। लगता है इनका कोई बड़ा इंटरनेशनल नेटवर्क है, जिसकी DRI अभी पूरी जाँच कर रही है।

DRI कैसे काम करती है?

1. DRI क्या है?

DRI यानी Directorate of Revenue Intelligence, जो सरकार की सबसे तगड़ी एजेंसी है। इनका काम है तस्करी, टैक्स चोरी और गैरकानूनी कारोबार पर नजर रखना। ये लोग खुफिया जानकारी के आधार पर ऐसे हीरोइक ऑपरेशन करते रहते हैं।

2. इस बार कैसे पकड़ा?

इस बार DRI को पहले से ही खबर मिल गई थी कि बड़ी मात्रा में सिगरेट आने वाली है। उन्होंने अपनी टीम तैनात की और हाई-टेक टूल्स की मदद से सारे शक के कंटेनर्स पर नजर रखी। कस्टम्स और कोस्ट गार्ड ने भी पूरा साथ दिया।

तस्करी से क्या नुकसान?

1. पैसे का नुकसान

ये तस्करी सरकार को हर साल हजारों करोड़ का चूना लगवा देती है। असली सिगरेट पर भारी टैक्स लगता है, जबकि ये नकली सिगरेट सस्ते में बिकती हैं। नतीजा? सरकार का पैसा पानी में!

2. सेहत का खतरा

ये अवैध सिगरेट्स ज्यादा खतरनाक होती हैं। इनमें ज्यादा केमिकल्स होते हैं जो सेहत के लिए बेहद नुकसानदायक हैं। खासकर युवाओं को ये जल्दी अपनी चपेट में ले लेती हैं।

3. सुरक्षा का मसला

तस्करी के ये नेटवर्क अक्सर आतंकी गतिविधियों से जुड़े होते हैं। इन्हें रोकना सिर्फ आर्थिक मुद्दा नहीं, बल्कि देश की सुरक्षा का सवाल है।

सरकार क्या कर रही है?

1. कानून क्या कहता है?

भारत में सिगरेट तस्करी पर बहुत सख्त कानून है। पकड़े जाने पर 7 साल तक की जेल और भारी जुर्माना हो सकता है। Customs Act और COTPA जैसे कानूनों के तहत सख्त कार्रवाई होती है।

2. टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल

अब सरकार ने AI, ड्रोन और डेटा एनालिटिक्स जैसी चीजों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है। इससे तस्करों के रास्ते पहले ही पकड़ में आ जाते हैं।

3. आम लोग क्या कर सकते हैं?

सरकार ने कई हेल्पलाइन और ऐप लॉन्च किए हैं। अगर आपको कोई शक की गतिविधि दिखे, तो तुरंत रिपोर्ट करें।

आखिरी बात

DRI की यह कामयाबी वाकई तारीफ के काबिल है। लेकिन तस्करी रोकने के लिए सिर्फ सरकार ही नहीं, हम सभी को आगे आना होगा। अगर कुछ शक वाला दिखे, तो DRI को जरूर सूचित करें। याद रखिए, देश की सुरक्षा हम सभी की जिम्मेदारी है!

Source: Livemint – Companies | Secondary News Source: Pulsivic.com

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