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ईरान-इजरायल युद्ध के बाद पहली बार सार्वजनिक रूप से दिखे सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई

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ईरान-इजरायल टकराव के बाद सुप्रीम लीडर खामेनेई ने दिखाई मौजूदगी – पर क्या यह सबकुछ बयां कर रहा है?

देखिए, ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई ने आखिरकार सार्वजनिक तौर पर दिखाई दिए! तेहरान में एक धार्मिक कार्यक्रम में उन्हें भीड़ को हाथ हिलाते और सिर हिलाकर जवाब देते देखा गया। ईरानी स्टेट TV ने ये तस्वीरें दिखाईं, जो बेहद मायने रखती हैं। सोचिए, ईरान-इजरायल के बीच हुए उस तनाव के बाद ये उनकी पहली पब्लिक एपियरेंस थी, जिसने पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया था।

जब खामेनेई गायब थे: क्या चल रहा था असल में?

पिछले कुछ हफ्ते तो मानो पूरा मिडिल ईस्ट ही बारूद के ढेर पर बैठा था। ईरान ने इजरायल पर मिसाइल और drone हमले किए, इजरायल ने जवाबी एक्शन लिया – और इन सबके बीच हमारे सुप्रीम लीडर गायब! सच कहूं तो यही वो सवाल था जो हर किसी के दिमाग में घूम रहा था। ईरानी सरकार भले ही कहती रही कि सब ठीक है, लेकिन जब नेता ही नजर न आएं तो अफवाहों का बाजार गर्म होना तो तय था।

ये पब्लिक एपियरेंस: सिर्फ एक भाषण या कोई बड़ा मैसेज?

अब जरा इस वीडियो को गौर से देखिए जो ईरानी स्टेट TV ने दिखाया। खामेनेई भाषण दे रहे हैं, भीड़ से इंटरैक्ट कर रहे हैं – बिल्कुल वैसे ही जैसे हमेशा करते आए हैं। पर क्या आपने नोटिस किया? ईरानी मीडिया इसे “एकजुटता का प्रतीक” बता रहा है। मेरा मानना है कि ये सिर्फ घरेलू नहीं, बल्कि इंटरनेशनल ऑडियंस के लिए भी एक स्ट्रॉन्ग मैसेज है। एक तरह से कहें तो “देख लो, हम अभी भी मजबूत हैं” वाली बात।

कौन क्या कह रहा है? प्रतिक्रियाओं का अंबार!

ईरानी सरकार तो इसे स्थिरता का प्रतीक बता रही है। विदेश मंत्रालय वाले तो मानो चैन की सांस ले रहे हैं। लेकिन दूसरी तरफ, इंटरनेशनल मीडिया में कुछ लोग इसे सिर्फ एक “इमेज मेकिंग एक्सरसाइज” मान रहे हैं। सोशल मीडिया पर #KhameneiAppears ट्रेंड कर रहा है – और वहां तो हर तरह के विचार मिल जाएंगे। कोई कह रहा है “प्रोपेगैंडा”, तो कोई इसे ईरान की ताकत बता रहा है। असल में, सच्चाई शायद इन दोनों के बीच कहीं होगी।

अब आगे क्या? 5 पॉइंट्स में समझिए पूरा गेम

1. क्या ईरान अब तनाव कम करने की राह पर चलेगा?
2. या फिर और आक्रामक हो जाएगा?
3. पश्चिमी देशों की प्रतिक्रिया क्या होगी?
4. इजरायल इससे कैसे डील करेगा?
5. और सबसे बड़ा सवाल – क्या ये सब सिर्फ दिखावा है या असली बदलाव की शुरुआत?

एक बात तो तय है – खामेनेई की यह उपस्थिति कोई साधारण घटना नहीं है। पर ये कितना काम आएगी? वक्त ही बताएगा। फिलहाल तो हमें इंतजार करना होगा और देखना होगा कि अगले कुछ दिनों में ईरानी नेतृत्व कौन से कार्ड खेलता है। क्योंकि मिडिल ईस्ट की राजनीति में, जैसा दिखता है वैसा होता नहीं!

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अयातुल्ला अली खामेनेई का सार्वजनिक तौर पर दिखाई देना… है ना मज़ेदार बात? ईरान-इजरायल के बीच चल रही इस तनाव भरी खींचतान में उनकी यह मौजूदगी क्या संकेत देती है? असल में देखा जाए तो यह सिर्फ एक औपचारिकता नहीं, बल्कि एक तरह का मैसेज है – ईरान के लिए भी, और पूरी दुनिया के लिए भी।

हालांकि, सवाल यह है कि क्या यह सच में कोई बड़ी बात है? मेरा मतलब, ऐसे मौकों पर नेताओं का दिखना तो आम बात होती है। लेकिन फिर भी… इस बार का Context थोड़ा अलग है ना?

अभी के लिए तो बस इतना ही – Latest Updates और Details के लिए बने रहिए हमारे साथ। वैसे भी, इस तरह के मामलों में चीज़ें कब कैसे बदल जाएं, कौन जाने!

Source: NY Post – World News | Secondary News Source: Pulsivic.com

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