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NYC में मुफ्त कचरा डिब्बे योजना पर एडम्स का गुस्सा! $14M प्लान को कहा ‘बेजिम्मेदारी’

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NYC में फ्री कचरा डिब्बे वाली पॉलिटिक्स: एडम्स साहब का गुस्सा और $14M का सवाल!

अरे भई, न्यूयॉर्क की राजनीति में फिर से मज़ा आ गया! मेयर एरिक एडम्स और सिटी काउंसिल आमने-सामने हैं – और इस बार बहस का मुद्दा है 14 मिलियन डॉलर की वो योजना जो घर-घर मुफ्त में कचरा डिब्बे बांटने की बात करती है। मेयर साहब तो इसे “पैसे की बर्बादी” बता रहे हैं, वहीं काउंसिल के लोग कह रहे हैं कि यह शहर को साफ-सुथरा रखने का सबसे आसान तरीका है। सच कहूं तो, NYC की ये तस्वीर तो हर बड़े शहर की हकीकत है – नीतियां बनती हैं तो राजनीति ज़रूर साथ आ जाती है!

कचरा वाली मुसीबत: चूहे, गंदगी और… नई लड़ाई?

देखिए, NYC में कचरा प्रबंधन की समस्या कोई नई नहीं है। आप TV पर तो देखते ही होंगे – सड़कों पर चूहों का कहर, कूड़े के ढेर, और वो अजीब सा system जिसमें कचरा उठाने वाले कभी समय पर आते हैं, कभी नहीं। अब काउंसिल वालों ने सोचा कि क्यों न 7.5 लाख घरों को फ्री में डस्टबिन दे दिए जाएं? लेकिन मेयर साहब को यही बात पच नहीं रही। उनका कहना है – “अभी तो बजट कटौती से जूझ रहे हैं, ये नया खर्च क्यों?” सही कह रहे हैं न? पर काउंसिल वालों के पास भी अपने तर्क हैं। मुश्किल है यार!

वीटो की धमकी: असली मुद्दा क्या है?

अब तो मामला गरमा गया है। एडम्स साहब वीटो करने की बात कर रहे हैं, और काउंसिल के लोग उन पर “जनता के हितों की अनदेखी” का आरोप लगा रहे हैं। ईमानदारी से कहूं तो, ये झगड़ा सिर्फ कचरा डिब्बों तक सीमित नहीं है। असल में यह तो सवाल है कि शहर के पैसे को कैसे खर्च किया जाए? एक तरफ काउंसिल का कहना है कि “सफाई पर खर्च करो”, तो दूसरी तरफ मेयर कह रहे हैं “पहले ज़रूरी चीज़ों पर ध्यान दो”। दोनों की बात में दम है… पर फैसला कौन सही करेगा?

जनता क्या कहती है? मतभेद तो यहां भी!

सुनिए, आम लोगों की राय भी बंटी हुई है। कुछ लोग कहते हैं “भई ये trash bins दे दो, शहर साफ रहेगा”, तो कुछ का कहना है “हमारे टैक्स के पैसे यूं ही बर्बाद मत करो”। एक environment वाले भैया ने तो सही बात कही – “डिब्बे देने से क्या होगा? पूरा system तो ठीक करो!” वहीं कुछ local लोगों को लगता है कि इससे चूहों की समस्या कम होगी। सच तो यह है कि हर किसी के पास अपना solution है, पर consensus किसी के पास नहीं!

अब आगे क्या? राजनीति या जनहित?

तो अब सवाल यह है कि ये नाटक आगे कैसे बढ़ेगा? अगर मेयर वीटो कर देते हैं, तो काउंसिल को दो-तिहाई वोट चाहिए। मतलब फिर से लॉबिंग, डील-मोल… पूरी राजनीति! कुछ analysts तो कह रहे हैं कि ये विवाद 2024 के बजट को भी प्रभावित कर सकता है। और हां, ये सिर्फ NYC की कहानी नहीं है – दिल्ली, मुंबई, लंदन… हर बड़े शहर में ऐसे ही झगड़े चलते रहते हैं। आखिरकार, सवाल यही है न – पैसा कहां लगे? सफाई पर या किसी और ज़रूरी चीज़ पर?

एक बात तो तय है – ये कचरा डिब्बों वाली कहानी हमें याद दिलाती है कि शहर चलाना कोई आसान काम नहीं। हर फैसले के पीछे कोई न कोई trade-off तो होता ही है। और हां… राजनीति भी!

Source: NY Post – US News | Secondary News Source: Pulsivic.com

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